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    •   एमसीडी की 270 सीटों के रुझान सामने आए, तीनों निगमों में बीजेपी को बहुमत।
    •   पूर्वी दिल्ली की सभी सीटों के रुझान सामने आए, बीजेपी को बहुमत। कांग्रेस-आप 12-12 सीटों पर आगे।
    •   2012 के निगम चुनाव में बीजेपी को मिली थी 142 सीटें।
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    •   दिल्ली: तीनों निगमों की 150 सीटों पर बीजेपी को मिली बढ़त।
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    •   दिल्ली: शुरुआती रुझानों में बीजेपी नंबर एक, कांग्रेस 2 और AAP तीसरे नंबर की पार्टी।

Film Review: प्यार और धोखे की अनोखी कहानी है रंगून

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Film Review: प्यार और धोखे की अनोखी कहानी है रंगून Ghamansan Editor

उनकी फिल्मों की सिनेमैटोग्राफी कमाल की होती है

 फिल्म : रंगून
डायरेक्टरः विशाल भारद्वाज
स्टार कास्ट: कंगना रनोट, शाहिद कपूर और सैफ अली खान
रेटिंगः 3 स्टार
मुंबई। फिल्म निर्माता विशाल भारद्वाज अपनी हर फिल्म में दुखांत सीन लिए जाने जाते हैं और वे सिनेमाई करिश्मे करने में भी यकीन करते हैं। उनकी फिल्मों की सिनेमैटोग्राफी कमाल की होती है और ज्यादातर में डार्क फैक्टर मौजूद रहता है, प्रेम रहता है और एक तीसरा कोण भी रहता है।

कहानी: रंगून की कहानी फिल्म आर्टिस्ट कंगना रनोत की है, जो एक्शन सीन हैं और वह सैफ अली खान की प्रोडक्शन कंपनी में काम करती हैं। दोनों एक-दूसरे से प्यार करते हैं, लेकिन उनके बीच प्रेम की भावनाएं कम और एहसान का भाव ज्यादा हावी रहता है। उधर दूसरा विश्व युद्ध चल रहा है और सुभाष चंद्र बोस की आईएनए भारत को अंग्रेजों से आजाद कराने में जुटी है। इसी बीच एक मिशन शुरू होता है और कंगना की मुलाकात शाहिद कपूर से होती है। दोनों के बीच प्रेम के बीज पनपते लगते हैं और फिर प्रेम त्रिकोण और देश भक्ति के जज्बे को दिखाने की कोशिश की जाती है।

कमजोर कड़ी:इस फिल्म की सबसे बड़ी कमी उस इंटेनसिटी का नदारद होना है, जिसके लिए विशाल भारद्वाज को जाना जाता है। पहला हाफ तो बहुत ही हल्के ढंग से चलता है और फिल्म को बेहद खींचा गया प्रतीत होता है। पौने तीन घंटे की फिल्म को देखते हुए शुरू में ही इस बात का एहसास हो जाता है कि अंत में क्या होने वाला है।

देखे या नहीं देखे: ऐक्टिंग की जहां बात है तो फिल्म कंगना के कंधों पर चलती है। पूरी तरह से फोकस में वही हैं। विशाल भारद्वाज की फिल्मों के महिला पात्र मजबूत होते हैं और कंगना भी उसी बात को बखूबी से पेश करती हैं। वे जो भी करती हैं, जी-जान से करती हैं। वहीं शाहिद कपूर विशाल भारद्वाज के साथ आकर निखर जाते हैं। ऐक्टिंग के मामले में उन्होंने काफी मेहनत की है और अपने रोल को शिद्दत से निभाया है। सैफ अली खान भी फिल्म प्रोड्यूसर के रोल में जमते हैं।

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